छिंदवाडा: जिले की एक विधानसभा के राजा इन दिनो मुख्यालय पहुंचकर लोगों की समस्याएं सुनते नजर आ रहे है। हैरानी की बात ये है कि ये राजा अपनी विधानसभा को छोडकर यहां गाहे बगाहे आ जाते है और पार्टी मुख्यालय में बैठकर दरबार लगाते है। इसकी जमकर चर्चा भी हो रही है। दरअसल हर्रई के विधायक राजा कमलेश शाह की ये कार्यशैली राजधानी तक पहुंच गइ्र है। हर्रई एक ऐसा क्षेत्र है जहां पर सबसे ज्यादा समस्या यूरिया की है, आए दिन यहां पर आंदोलन और चक्का जाम जैसे हालात देखने को मिले है। किसानों के इस आंदोलन को लेकर राजा कितने परेशान है इसका अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि वे बार बार अपनी रियासत को छोडकर मुख्यालय में बैठ जाते है। बताया जा रहा है कि वे मुख्यालय में लोगों से मुलाकात करते है और उनकी समस्याओ को सुनकर उसे हल करवाने का भरोसा भी दिलाते है। ऐसे में पार्टी के नेता भी हैरान है। कहा ये भी जा रहा है कि हर्रई में पिछले लंबे समय से लोगों की समस्याओं के साथ साथ रेत और अवैध शराब के कारोबार से लोग परेशान है, बावजूद इसके राजा का रुख मुख्यालय की ओर है।
पद के इंतजार में राजा
सूत्रों की मानें तो राजा और उनके समर्थकों को अभी भी भरोसा है कि उन्हें मंत्री बनाया जा सकता है या फिर किसी जगह एडजस्ट किया जा सकता है। यही वजह है कि वे मुख्यालय में बैठकर पार्टी के कार्यकर्ताओं से मुलाकात कर अपनी पैठ बनाने में लगे है। हालांकि भोपाल के सूत्र इससे इत्तेफाक नहीं रखते। सूत्रों की माने तो सरकार अभी मंत्रीमंडल विस्तार के विषय में किसी तरह की तैयारी में नहीं है। फिलहाल निगम मंडलों की कवायद चल रही है। ऐसे में राजा की उम्मीद कितनी लाजमी है अंदाजा लगाया जा सकता है। राजा यदि इसी तरह अपनी रियासत छोडकर जाते रहे तो इस बात से इंकार नहीं किया जा सकता कि आने वाले समय में ये भाजपा के लिए खतरे की घंटी होगी।










