पप्पू के फोन से भाउ हुए परेशान, जिम्मेदारियों की बात आई तो भडक उठे नेताजी, कांग्रेस नेताओं के बीच दिखने लगा तनाव, सूने इलाके में भाषण दे रहे शहर कांग्रेस के पदाधिकारी, शहर से दूर कर रहे प्रचार,,

छिंदवाडा: कांग्रेस में पप्पू के व्यस्त मोबाइल से नेताओं को परेशानी होने लगी है। सूत्रों का कहना है कि हाल ही में कांग्रेस कार्यालय में हुए एक आयोजन के बाद भाउ उस समय भडक गए जब वे पप्पू को लगातार फोन लगा रहे थे और मोबाइल इंगेज मिल रहा था। फिर क्या था, भाउ ने जमकर क्लास ली। आखिर मोबाइल इतना इंगेज कैसे रहता है। जवाब देने की बारी आई तो भाउ से कहा गया कि बडे इलाके की जवाबदारी उनके पास है, लेकिन भाउ ने इस जवाब पर भी अपना गुस्सा उतारा और कह दिया कि उनके पास तो पूरा जिला है। मामला बढता इसके पहले ही भाउ शांत हुए और समझाईश दी। मामला भले ही बाद में हंसी मजाक में टल गया लेकिन इसकी चर्चा खूब रही। बताया जा रहा है कि पिछले कुछ दिनों से पप्पू का मोबाइल जमकर व्यस्त रहने लगा है। कांग्रेस के कई नेता इससे परेशान है। कांग्रेस नेता दबी जुबान से ये कहने लगे है कि वर्कलाेड बढने से ये हालात बन रहे है। हालांकि चर्चा ये भी है कि मोबाइल इंगेज रहने के पीछे के कारण कुछ न कुछ मैनेजमेंट हो सकता है। बहरहाल पप्पू के मोबाइल से परेशान कुछ नेताओं ने तो पूर्व सीएम कमलनाथ और पूर्व सांसद नकुलनाथ से भी चर्चा की है। हैरानी की बात ये है कि बडे नेताओं के वेटिंग पर होने के बाद भी ये मोबाइल नहीं उठता। ऐसा क्यों है और इसके पीछे का कारण क्या है कांग्रेस नेता ही जाने। इस मामले में न तो पप्पू से चर्चा हुई और न ही भाउ से।

जंगल में मोर नचा रही नगर कांग्रेस

नगर कांग्रेस के नेता इन दिनों जंगल में मोर नचा रहे है। ऐसा इसलिए कहना लाजमी नजर आ रहा है क्योंकि हाल ही में एक बडे आयोजन का लेकर शहर कांग्रेस ने आमंत्रण पत्र बांटना शुरु किया। ये पत्र बांटने के दौरान नेताजी भाषणबाजी भी कर रहे है, लेकिन हैरानी की बात ये है कि जहां भाषण दिए जा रहे है वहां कोई होता ही नहीं। शहर के रिहायशी इलाकों को छोडकर निर्जन इलाकों में इस तरह से करना हैरान करने वाली बात है। हालांकि इसको लेकर कुछ नेताओं ने आपत्ति भी दर्ज करवाई। बताया जा रहा है कि शहर के बीच और घनी बस्तियों में शहर कांग्रेस ने अभी तक न तो प्रचार शुरु किया और न ही किसी तरह की गतिविधियां नजर आई। केवल पार्षद और अन्य पदाधिकारी इसमें लगे हुए है। बहरहाल जंगल में मोर नचाकर शहर कांग्रेस अपने मुंह मियां मिट्ठू बनने की राह पर चल रही है।